सीएक्यूएम ने नोएडा प्राधिकरण के रखरखाव वाले 142 सड़क खंडों का किया निरीक्षण, अधिकतर जगहों पर कम या बिल्कुल भी धूल नहीं मिली

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सीएक्यूएम ने नोएडा प्राधिकरण के रखरखाव वाले 142 सड़क खंडों का किया निरीक्षण, अधिकतर जगहों पर कम या बिल्कुल भी धूल नहीं मिली
(Representative Image)

मीडिया सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र और आसपास के क्षेत्रों में लागू श्रेणीबद्ध प्रतिक्रिया कार्य योजना (जीआरएपी) के वैधानिक ढांचे के अंतर्गत अपनी निरंतर निगरानी, ​​समीक्षा और प्रवर्तन कार्रवाइयों के भाग के रूप में नोएडा प्राधिकरण की ओर से किए जा रहे रखरखाव वाले सड़क खंडों की सफाई, मशीनों से झाड़-पोंछ के कार्यों और समग्र रखरखाव की स्थिति का आकलन करने के लिए 05.01.2026 को नोएडा में निरीक्षण अभियान चलाया। इस दौरान नोएडा प्राधिकरण के अधिकार क्षेत्र में आने वाले 142 सड़क खंडों का निरीक्षण किया गया। इसका उद्देश्य धूल नियंत्रण के उपायों के जमीनी स्तर पर कार्यान्वयन का मूल्यांकन करना और सड़क पर दिखाई देने वाली धूल, नगरपालिका की ओर से ठोस अपशिष्ट (एमएसडब्ल्यू) को जमा करने, निर्माण और तोड़फोड़ (सी एंड डी) से पैदा कूड़े और कूड़े को खुले में जलाने की घटनाओं से संबंधित मुद्दों की पहचान करना था। निरीक्षण के लिए उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (यूपीपीसीबी) और सीएक्यूएम के उड़न दस्ते के अधिकारियों सहित दस टीमें तैनात की गईं। निरीक्षण के दौरान जियो-टैग और टाइम-स्टैम्प वाले फोटोग्राफिक साक्ष्य एकत्र किए गए और समेकित निरीक्षण रिपोर्ट के भाग के रूप में आयोग को प्रस्तुत किए गए। इस जांच के परिणाम समग्र रूप से उत्साहजनक स्थिति दर्शाते हैं। जिन 142 क्षेत्रों का निरीक्षण किया गया उनमें से केवल 04 में धूल का स्तर अधिक पाया गया, 24 में मध्यम स्तर की धूल थी, 66 में धूल की कम तीव्रता दर्ज की गई और 48 में धूल दिखाई नहीं दी।

मीडिया से प्राप्त जानकारी के अनुसार, सीमित क्षेत्रों में धूल का उच्च स्तर देखे जाने का संबंध कुछ मामलों में विशेष रूप से फ्लाईओवरों के नीचे, मेट्रो गलियारों और विशिष्ट मुख्य सड़क खंडों जैसे स्थानों पर नगरपालिका अपशिष्ट (एमएसडब्ल्यू) और/या निर्माण और तोड़फोड़ के अपशिष्ट को जमा किए जाने से था। ये अवलोकन धूल और कूड़े को फिर से जमा किए जाने से रोकने और सभी सड़क खंडों पर लक्षित रूप से सफाई और धूल नियंत्रण उपायों को सुनिश्चित करने के लिए चिन्हित प्रमुख स्थानों पर केंद्रित होकर ध्यान देने की आवश्यकता को उजागर करते हैं। सीएक्यूएम ने विशेष रूप से संवेदनशील स्थानों पर नियमित रूप से मशीनों से झाड़-पोंछ, एकत्रित धूल और कचरे को तुरंत उठाकर वैज्ञानिक तरीके से निपटारा करने, प्रभावी तौर पर जल छिड़काव और कचरा फेंकने और उन्हें खुले में जलाने की घटनाओं की सख्त रोकथाम के माध्यम से सफाई के निरंतर और गहन प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया। धूल से होने वाले प्रदूषण को कम करने और खुले में आग जलाने की घटनाओं की रोकथाम के लिए वैधानिक निर्देशों और जीआरएपी के उपायों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए ‘ऑपरेशन क्लीन एयर’ के अंतर्गत निरीक्षण और प्रवर्तन अभियान पूरे एनसीआर में नियमित रूप से जारी रहेंगे। सीएक्यूएम ने एनसीआर की सभी संबंधित एजेंसियों के साथ युद्धस्तर पर काम करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि क्षेत्र में स्वच्छ, हरित, धूल रहित और सुव्यवस्थित सड़कें हों।

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